विशेष कार्यक्रम/रियायतें

वरिष्‍ठ नागरिकों के लिए कला, संस्कृति, स्‍वास्‍थ्‍य और शिक्षा के क्षेत्र में विशेष कार्यक्रम उपलब्‍ध हैं। इंडियन फेडरेशन ऑफ यूनिवर्सिटी वुमेन्‍स एसोसिएशन (बाहरी वेबसाइट जो एक नई विंडों में खुलती हैं) वृद्ध व्‍यक्तियों के लिए कम्‍प्यूटर शिक्षा और योगाभ्‍यास कार्यक्रमों की व्‍यवस्‍था करने के लिए विख्‍यात है। गैर-सरकारी संगठन (एनजीओ) जैसे कि आर्ट इंडिया फाउण्‍डेशन (बाहरी वेबसाइट जो एक नई विंडों में खुलती हैं) वरिष्‍ठ नागरिकों के लिए पेंटिग के कार्यक्रमों और मिट्टी के बर्तनों को डिजाइन करने की कक्षाओं की व्‍यवस्‍था करने के कार्य में लगे हुए हैं। ये कार्यकलाप स्‍वस्‍थ जीवन जीने में मदद करते हैं। इस तरह, वरिष्‍ठ नागरिक भी अपने खाली समय का सदुपयोग कर सकते हैं।

उपचार कार्यक्रम चिकित्‍सा प्रक्रिया है जो किसी खास बीमारी का इलाज करने के लिए अपनाया जाता है। केंद्रीय और राज्‍य सरकार (बाहरी वेबसाइट जो एक नई विंडों में खुलती हैं) तथा अन्‍य निगम पेंशनभोगियों को भी चिकित्‍सा सुविधाएं प्रदान करते हैं। इन चिकित्‍सा सुविधाओं की मदद से वरिष्‍ठ नागरिक एक स्‍वस्‍थ और बेहतर जीवन व्‍यतीत कर सकते हैं।

जहां तक आय कर लाभ का संबंध है, यदि वरिष्‍ठ नागरिकों की किसी खास बीमारी के इलाज के खर्च किया गया है तो अधिनियम की धारा 80 घ घ ख (चिकित्‍सा के संबंध में कटौती) के अधीन 60,000 रुपए की अधिक जानकारी के लिए भारत सरकार की आयकर विभाग (बाहरी वेबसाइट जो एक नई विंडों में खुलती हैं) की वेबसाइट पर जाएं।